Har Ghar Tiranga

Har Ghar Tiranga: हर घर तिरंगा अभियान मोदी सरकार के मंत्रियों ने बताया क्या होगी तिरंगे की कीमत..

Har Ghar Tiranga Abhiyan: हर घर तिरंगा अभियान को लेकर मोदी सरकार के मंत्री ने कही बड़ी बात, बताया क्या होगी तिरंगे की कीमत और जानिए कैसे हर घर तिरंगा अभियान से सूरत के व्यापारियों की चमकी किस्मत…

आजादी की 75 वीं वर्षगांठ(75th Years Of Independence) के उपलक्ष में भारत सरकार हर घर तिरंगा(Har Ghar Tiranga) अभियान की शुरुआत करने जा रही है. हर घर तिरंगा अभियान की शुरुआत (Har Ghar Tiranga 13 August to 15 August) 13 अगस्त से होगी. इस अभियान को 13 से 15 अगस्त तक चलाया जाएगा और इसके लिए मोदी सरकार ने कई बड़े कदम उठाए हैं.

हर घर तिरंगा अभियान के लिए सरकार ने 24 करोड़ भारतीयों के घरों पर तिरंगा फहराने का लक्ष्य रखा है. इस बार तिरंगे के कपड़े के मैट्रियल को लेकर भी बड़ा बदलाव किया गया है. पहले तिरंगे के कपड़े के रूप में खादी का इस्तेमाल किया जाता था लेकिन सरकार ने इस बार पॉलिस्टर के कपड़े के इस्तेमाल की इजाजत दे दी है.

साथ ही इस बार भारत के सामान्य नागरिक भी दिन हो या रात किसी भी समय तिरंगे को फहरा सकेंगे जो कि पहले मुमकिन नहीं था. इसे सरकार द्वारा उठाया गया बेहद ही लोकप्रिय और लोकतांत्रिक कदम बताया जा रहा है.

भारत सरकार में कपड़ा मंत्रालय संभालने वाले राज्यमंत्री दर्शना जरदोश जो कि गुजरात सूरत(Surat Gujrat) से भाजपा के सांसद भी हैं. उन्होंने एक प्रेस  इंटरव्यू के दौरान तिरंगे को लेकर कुछ बातें कही हैं जो कि आपके लिए जानना बेहद ही जरूरी है.

कपड़ा राज्य मंत्री ने इंटरव्यू के दौरान कहा कि कंपनियों को राष्ट्रीय ध्वज यानी तिरंगा को बनाने के लिए अपने कॉरपोरेट सोशल रिस्पांसिबिलिटी फंड(CSR Fund) का उपयोग करने के लिए कहा गया है. उन्होंने आगे कहा कि हमारी कोशिश है कि ज्यादा से ज्यादा लोग झंडे खरीदें.

झंडे की कीमत को लेकर राज्य मंत्री ने कहा कि अगर किसी भी चीज का कोई मूल्य ना चुकाना हो तो  लोग उस चीज की देखभाल नहीं करते. मुफ्त में दी गई चीज की कोई भी देखभाल अच्छी तरह नहीं करता है. इस कारण तिरंगे की भी एक कीमत रखी गई है, तिरंगे को ₹25 (20*30 माप का) में दिया जाएगा.

वहीं दूसरी तरफ हर घर तिरंगा अभियान से सूरत के कपड़ा व्यापारियों की किस्मत चमकी है. क्योंकि कॉरपोरेट सरकारी साझेदारी के जरिए सूरत के कपड़ा व्यापारियों जो कि कपड़ा मिल चलाते हैं उन्हें यह अब तक का मिलने वाला सबसे बड़ा ऑर्डर है.

वहीं हर घर तिरंगा अभियान को लेकर विपक्ष ने भी कई सवाल उठाए हैं. कई विपक्षी नेताओं का सरकार पर यह आरोप है कि सरकार किसी को जबरदस्ती तिरंगा खरीदने के लिए बाध्य नहीं कर सकती है. भाजपा इसे विपक्ष की साजिश बता रही है और उसका कहना है कि विपक्ष में राष्ट्रीयता की भावना नहीं है.

मालूम हो कि 14 अगस्त 1947 की आधी रात को भारत को आजादी मिली थी और इस बार पूरा भारत आजादी की 75 वीं वर्षगांठ मना रहा है. वैसे तो लोगों में आजादी के अमृत महोत्सव को लेकर काफी उत्साह है लेकिन बढ़ी हुई महंगाई और corona की चपेट से उभरने के बाद लोगों की आर्थिक स्थिति मजबूत नहीं होने से निराशा का भी वातावरण है.

इन सबके बीच वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण का संसद में दिया गया बयान भी महत्वपूर्ण है. जिसमें उन्होंने साफ कहा है कि भारत में मंदी की कोई संभावना नहीं है और उन्होंने कहा कि भारत तेजी से उभरती हुई अर्थव्यवस्था है. विपक्ष पर आरोप लगाते हुए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि जब विपक्ष की सरकार थी तो महंगाई double-digit में होती थी लेकिन हम यह पूरी कोशिश कर रहे हैं कि महंगाई को 7% पर लाया जाए.

हर घर तिरंगा अभियान(Har Ghar Tiranga Abhiyan) की कुछ प्रमुख बातें संक्षेप में..

  • हर घर तिरंगा अभियान 13 अगस्त से 15 अगस्त तक चलाया जाएगा.
  • 24 करोड़ भारतीयों के घरों पर तिरंगा फहराने का लक्ष्य
  • कपड़ा मंत्री ने तिरंगे की कीमत ₹25 बताई..
  • ऐसा पहली बार है जब तिरंगे के कपड़े के लिए आदि के साथ पॉलिस्टर का भी इस्तेमाल किया जाएगा
  • ऐसा पहली बार होगा जब सामान्य भारतीय भी रात-दिन किसी भी समय तिरंगा फहरा सकेंगे ..