Udaipur Kanhaiya Lal Murder Case

Udaipur Kanhaiya Lal Murder Case Pakistani Connection: उदयपुर में कन्हैया लाल की हत्या में शामिल रियाज़ और गौस मोहम्मद को लेकर NIA को पाकिस्तानी कनेक्शन के मिले पुख्ता सबूत

Udaipur Kanhaiya Lal Murder Case Pakistani Connection: उदयपुर में कन्हैया लाल की हत्या को लेकर NIA और खुफिया विभाग का बड़ा खुलासा हत्या में शामिल रियाज़ जब्बार और गौस मोहम्मद ने पाकिस्तान जा कर ली थी ट्रेनिंग

उदयपुर हत्याकांड(Udaipur Kanhaiya Lal Murder Case) की परतें अब खुलने लगी हैं. हत्या में शामिल दोनों ही अपराधियों रियाज़ जब्बार(Riyaz Jabbar) और गौस मोहम्मद(Ghaus Mohammad) के पाकिस्तानी कनेक्शन के पुख्ता सबूत मिले हैं. NIA और SIT ने जांच शुरू कर दी है. शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि हत्या करने वाले गौस मोहम्मद और जब्बार ने साल 2014-15 में ही पाकिस्तान जाकर ट्रेनिंग ली थी.

उदयपुर हत्याकांड(Udaipur Murder Case) के शुरुआती जांच में इस बात का भी खुलासा हुआ है कि दोनों लोग आसपास के युवाओं का ब्रेनवाश(Brain wash) करते थे. इसके लिए इन दोनों ने व्हाट्सएप ग्रुप(Whatsapp Group) भी बनाया था और इस ग्रुप के जरिए आतंक से संबंधित वीडियो फोटो और भाषण इत्यादि शेयर करते थे.

NIA ने आधा दर्जन से भी अधिक मोबाइल नंबर को ट्रेस किया है और इन मोबाइल नंबर के लोकेशन भारत के साथ-साथ पाकिस्तान से भी है. इन नंबरों पर उदयपुर हत्याकांड के दोनों ही अपराधी रियाज़ और गौस मोहम्मद लगातार कांटेक्ट में रहते थे और लंबी बातचीत होती थी.

उदयपुर हत्याकांड में पाकिस्तान कनेक्शन कि शुरुआती जानकारी मिलने के बाद सभी महकमे के कान खड़े हो गए हैं. वैसे तो जिस प्रकार से यह हत्या की गई उसे देख कर लग रहा था कि यह पहले से ही प्लानिंग करके की गई हत्या है.

साथ ही जिस प्रकार से उदयपुर हत्याकांड(Udaipur Murder Case) के दोनों ही आरोपीयों ने कन्हैया लाल (Kanhaiya Lal Udaipur) की हत्या की बात वीडियो जारी कर (Udaipur Murder Viral Video) संदेश दिया उससे तो यह साफ जाहिर होने लगा था कि यह किसी दो आदमी का काम नहीं है बल्कि इसमें कहीं ना कहीं कोई बड़ा संगठन भी शामिल है.

वहीं दूसरी तरफ उदयपुर हत्याकांड को लेकर आज राजस्थान के CM अशोक गहलोत(Ashok Gehlot) ने एक उच्च स्तरीय बैठक की. बैठक के उपरांत मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने मीडिया से बातचीत में बताया कि प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि उदयपुर में जो यह जघन्य घटना हुई है, आतंक को फैलाने के उद्देश्य से की गई है. मुख्यमंत्री ने जोर देते हुए यह भी कहा कि शुरुआती जांच में इस बात के भी सबूत मिले हैं कि हत्या के दोनों ही आरोपियों के संबंध दूसरे देशों से भी थे.

उदयपुर हत्याकांड में शामिल दोनों ही आरोपियों गौस मोहम्मद और रियाज जफर को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था लेकिन ताजा जानकारी के अनुसार अब इस हत्याकांड में पुलिस ने तीन अन्य लोगों को भी हिरासत में लिया है. इसकी जानकारी राजस्थान के DGP एम एल लाठर ने दी है.

उदयपुर हत्याकांड के बाद पूरे देश में लोग हैरत और दहशत में हैं. इस हत्याकांड को देखते हुए उत्तर प्रदेश पुलिस(UP Police) सतर्क हो गई है क्योंकि उत्तर प्रदेश की अधिकांश सीमाएं राजस्थान से लगती हैं. इस संबंध में उत्तर प्रदेश के पुलिस मुखिया यानी यूपी के डीजीपी ने कहा है कि कोई भी शरारती तत्व सोशल मीडिया पर भड़काऊ पोस्ट करेगा तो उसके खिलाफ सख्त कार्यवाही की जाएगी और हम पूरी तरह से सोशल मीडिया पर नजर बनाए हुए हैं.

लेकिन पुलिस प्रशासन के लाख प्रयास के बाद भी सोशल मीडिया पर ऐसे पोस्ट और वीडियो की भरमार है जिससे कि हिंसा की घटनाओं को बढ़ावा मिलती है. यहां तक की उदयपुर हत्याकांड(Udaipur Kanhaiya Lal Murder Case) के वीडियो को भी अभी तक पूरी तरह से प्रतिबंधित नहीं किया गया है और किसी न किसी रूप में सोशल मीडिया पर यह वीडियो धड़ल्ले से वायरल हो रहा है. अभी सरकार को चाहिए कि इस प्रकार के वीडियो को पूरी तरह से प्रतिबंधित करे. क्योंकि इससे माहौल खराब होने की प्रबल संभावना होती है.